भूमि प्रबन्धक समिति द्वारा अधीक्षण, प्रबन्धन और नियंत्रण-
(1) इस संहिता के उपबन्धों के अधीन प्रत्येक भूमि प्रबन्धक समिति को ग्राम पंचायत के निमित्त और उसकी ओर से धारा 59 के अधीन उस ग्राम पंचायत को सौंपी गयी या सौंपी हुयी समझी गयी समस्त भूमि और अन्य चीजों, जिन पर ऐसी ग्राम पंचायत को इस संहिता या तत्समय प्रवृत्त किसी विधि के अधीन कब्जा करने का हक हो, के अधीक्षण, संरक्षण, प्रबन्धन और नियंत्रण का कार्य प्रभारित किया जाएगा।
(2) पूर्ववर्ती उपबन्धों की व्यापकता पर प्रतिकूल प्रभाव डाले बिना भूमि प्रबन्धक समिति के कृत्यों और कर्तव्यों में निम्नलिखित बिन्दु सम्मिलित होंगे :-
(क) भूमि का बन्दोबस्त और प्रबन्धन ;
(ख) वनों और वृक्षों का संरक्षण, अनुरक्षण और विकास ;
(ग) आबादी स्थलों और ग्रामीण संचार व्यवस्था का अनुरक्षण और विकास ;
(घ) हाटों, बाजारों और मेलों का प्रबन्धन;
(ड़) मत्स्य क्षेत्र और तालाबों का अनुरक्षण और विकास;
(च) कुटीर उद्योगों का विकास;
(छ) कृषि का विकास और उसमें सुधार;
(ज) ग्राम पंचायत द्वारा या उसके विरूद्ध वादों और कार्यवाहियों का संचालन और अभियोजन; और
(झ) ऐसे अन्य मामले जो विहित किये जायं।