क्रेता द्वारा राशि का जमा किया जाना और व्यतिक्रम पर पुनः विक्रय-
(1) क्रेता घोषित किए गए व्यक्ति से उसकी बोली की धनराशि का पचीस प्रतिशत तुरन्त जमा करने की अपेक्षा की जायेगी, और ऐसी धनराशि जमा करने में व्यतिक्रम होने पर सम्पत्ति तत्काल पुनः विक्रय कर दी जायेगी और ऐसा व्यक्ति प्रथम विक्रय में उपगत व्ययों और पुनः विक्रय पर मूल्य में होने वाली किसी कमी का दायी होगा और कलेक्टर द्वारा इसे भू-राजस्व के बकाये के रूप में वसूल किया जा सकेगा।
(2) उपधारा (1) के अधीन कोई जमा या तो नगद या डिमाण्ड ड्राफ्ट द्वारा (किसी अनुसूचित बैंक द्वारा निर्गत) या अंशतः नगद और अशंतः ऐसे ड्राफ्ट द्वारा किया जा सकता है। स्पष्टीकरण- इस धारा के प्रयोजनों के लिए पद ’’डिमाण्ड ड्राफ्ट’’ में बैंकर्स चेक भी है।